Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    अमेरिका में भारत के IT प्रोफेशनल की हत्या:हमलावरों ने फेक पिज्जा ऑर्डर देकर बुलाया, फिर सिर में गोली मारी

    7 hours ago

    1

    0

    अमेरिका के फिलाडेल्फिया शहर में तेलंगाना के 28 साल के भारतीय युवक अंशुल कुंचा की गोली मारकर हत्या कर दी गई। परिवार का आरोप है कि यह कोई लूटपाट नहीं बल्कि पहले से रची गई साजिश थी। उनका कहना है कि अंशुल को एक फेक पिज्जा ऑर्डर देकर सुनसान इलाके में बुलाया गया और वहां पहुंचते ही हमलावरों ने उनके सिर में गोलियां मार दीं। शनिवार देर रात उन्हें फिलाडेल्फिया के रेमंड रोसेन होम्स नामक हाउसिंग कॉम्प्लेक्स के एक पते पर पिज्जा पहुंचाने का ऑर्डर मिला। जब वह वहां पहुंचे तो वहां कोई ग्राहक मौजूद नहीं था। इसी दौरान दो अज्ञात हमलावरों ने उन पर हमला कर दिया और उनके सिर में कई गोलियां मार दीं। हमलावर वारदात के बाद मौके से फरार हो गए। अंशुल पार्ट टाइम पिज्जा डिलीवरी करते थे अंशुल मूल रूप से तेलंगाना के रहने वाले थे। उन्होंने हैदराबाद के चैतन्य भारती इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से केमिकल इंजीनियरिंग में बीटेक किया था। इसके बाद परिवार की मदद से अमेरिका गए और पेनसिल्वेनिया स्थित ड्रेक्सेल यूनिवर्सिटी के लेबो कॉलेज ऑफ बिजनेस से बिजनेस एनालिटिक्स में मास्टर्स की पढ़ाई पूरी की। पढ़ाई के दौरान उन्हें लेबो एलुमनी मेरिट स्कॉलरशिप भी मिली थी। मास्टर्स के बाद अंशुल ने डेटा एनालिटिक्स के सेक्टर में नौकरी शुरू की। इससे पहले वह भारत में अमेजन में सीनियर प्रोडक्ट कंप्लायंस एनालिस्ट, जियो प्लेटफॉर्म्स में ऑपरेशंस एनालिस्ट और ग्रेजुएट इंजीनियर ट्रेनी के रूप में भी काम कर चुके थे। अमेरिका में अच्छी नौकरी होने के बावजूद वे एक्स्ट्रा कमाई के लिए वीकेंड पर पिज्जा डिलीवरी का पार्ट-टाइम काम करते थे। CCTV में अंशुल पिज्जा लेकर जाते हुए दिखे अमेरिकी मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, फिलाडेल्फिया हाउसिंग अथॉरिटी के सीसीटीवी कैमरों में अंशुल पिज्जा लेकर जाते हुए दिखाई देते हैं। फुटेज में उनके पीछे काले कपड़े पहने और बैकपैक लिए दो लोग भी नजर आते हैं। पुलिस इन्हीं तस्वीरों के आधार पर हमलावरों की तलाश कर रही है। हालांकि ये फुटेज सार्वजनिक नहीं की गई है। अंशुल की बहन तन्वी का कहना है कि यह पूरी तरह एक जाल था। उन्होंने कहा, “जिस जगह पिज्जा पहुंचाने के लिए बुलाया गया, वहां कोई नहीं था। बाद में पता चला कि वह सिर्फ एक फर्जी ऑर्डर था। मेरे भाई को सिर्फ मारने के लिए वहां बुलाया गया था। हमें नहीं पता कि हमलावरों को इससे क्या मिला, लेकिन उन्होंने हमारे भाई की जान ले ली।” बहन बोली- मेरा भाई अमेरिका नहीं जाना चाहता था परिवार ने विदेश मंत्रालय से अंशुल का पार्थिव शरीर जल्द भारत लाने की अपील की है। तन्वी ने कहा कि अधिकारियों ने सोमवार तक शव सौंपने की बात कही है, लेकिन परिवार चाहता है कि प्रक्रिया जल्दी पूरी हो ताकि अंतिम संस्कार किया जा सके। उन्होंने दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और कड़ी सजा की भी मांग की। मीडिया से बातचीत में तन्वी भावुक हो गईं। उन्होंने कहा, "मेरा भाई अमेरिका जाना ही नहीं चाहता था, लेकिन परिवार के कहने पर वह वहां गया। उसने मेहनत से पढ़ाई की, नौकरी की और अपना भविष्य बनाने की कोशिश की। आज वह हमारे बीच नहीं है। मैं सभी माता-पिता से कहना चाहती हूं कि बच्चों को विदेश भेजने से पहले अच्छी तरह सोचें।" कुछ समय पहले भी लूट पाट हुई थी परिवार का कहना है कि अंशुल से कोई सामान नहीं छीना गया। उनका मोबाइल फोन, पर्स और अन्य सामान सुरक्षित मिला। इसी वजह से परिवार का मानना है कि यह लूटपाट नहीं बल्कि सोची-समझी हत्या थी। तन्वी ने बताया कि कुछ समय पहले अंशुल अमेरिका में लूट का शिकार भी हुए थे। उस समय बदमाश उनका मोबाइल, सोने की चेन और नकदी लेकर फरार हो गए थे, लेकिन उस घटना में उन्हें कोई गंभीर चोट नहीं आई थी। भारतीय दूतावास ने हमले पर दुख जताया अंशुल के निधन पर न्यूयॉर्क स्थित भारतीय कॉन्सुलेट ने दुख जताया है। दूतावास ने सोशल मीडिया पर जारी बयान में कहा कि वह स्थानीय प्रशासन और अंशुल के परिवार के संपर्क में है और हर संभव सहायता दी जा रही है। इस घटना के बाद अमेरिका में रहने वाले तेलुगु समुदाय और तेलंगाना में उनके गांव गुंडलापोचमपल्ली में शोक का माहौल है। रिश्तेदार, दोस्त और स्थानीय लोग अंशुल को मेहनती, मिलनसार और हमेशा खुश रहने वाला युवा बता रहे हैं। वहीं, पुलिस इस मामले की हत्या के एंगल से जांच कर रही है और सीसीटीवी फुटेज तथा अन्य सबूतों के आधार पर हमलावरों की तलाश जारी है। --------------- यह खबर भी पढ़ें… अमेरिका में 27 साल की भारतीय महिला की हत्या:आरोपी बॉयफ्रेंड भारत से गिरफ्तार, उसी के अपार्टमेंट में शव मिला था अमेरिका के मैरीलैंड राज्य में भारतीय मूल की महिला निकिता गोदिशाला की हत्या के मामले में उसके एक्स बॉयफ्रेंड अर्जुन शर्मा को तमिलनाडु से गिरफ्तार किया गया है। निकिता न्यू ईयर से लापता थी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक 27 साल की निकिता का शव अर्जुन के अपार्टमेंट से मिला था। पढ़ें पूरी खबर…
    Click here to Read more
    Prev Article
    BCCI का बड़ा फैसला: इंग्लैंड और आयरलैंड दौरे पर वैभव सूर्यवंशी को मिलेगा यह खास तोहफा, फैंस भी हुए खुश
    Next Article
    राहुल गांधी ने 18 साल के सार्थक की जमकर की तारीफ, बोले- "ये तो CBI से भी तेज निकला", सामने आया VIDEO

    Related दुनिया Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment