Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    हनीट्रैप-2 में नेता और अफसरों के 100 आपत्तिजनक वीडियो:इंदौर से दिल्ली-गुजरात तक बिजनेसमैन भी जाल में फंस चुके; रेशू से

    3 weeks ago

    1

    0

    इंदौर एक बार फिर चर्चित हनी ट्रैप मामले के केंद्र में है, जिसने 2019 के हनी ट्रैप कांड की यादें ताजा कर दी हैं। हनी ट्रैप-2 की गूंज मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात के साथ ही दिल्ली के राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों तक पहुंच गई है। मामले में गिरफ्तार श्वेता विजय जैन, रेशू चौधरी और अलका दीक्षित से पूछताछ में लगातार ऐसे खुलासे हो रहे हैं, जिनसे कई रसूखदारों की चिंता बढ़ गई है। पुलिस को रेशू के मोबाइल और डिजिटल डिवाइस में 100 से ज्यादा आपत्तिजनक वीडियो मिले हैं। ये वीडियो नेता, अफसरों और बिजनेसमैन के हैं। वो इन वीडियो से ब्लैकमेल कर करोड़ों रुपए वसूल चुकी है। जबकि कई अन्य सौदों पर भी काम चल रहा था। कुछ वीडियो बेचने की भी तैयारी चल रही थी। रेशु उर्फ अभिलाषा चौधरी को शनिवार को क्राइम ब्रांच की टीम भोपाल और सागर लेकर पहुंची। सागर स्थित उसके घर की तलाशी के दौरान पुलिस ने कुछ इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त किए, जिनमें पुरानी ऑडियो रिकॉर्डिंग्स भी मिली हैं। जांच में सामने आया है कि रेशु कई नेताओं और मंत्रियों के संपर्क में थी। उसके मोबाइल और सोशल मीडिया अकाउंट्स से कई फोटो भी बरामद हुए हैं। एक रिकॉर्डिंग में रेशु कथित तौर पर एक स्थानीय नेता के रिश्तेदार को धमकाते हुए सुनाई दे रही है। वह कहती है कि अगर उसने “मुंह खोल दिया” तो कई लोगों का राजनीतिक भविष्य खत्म हो जाएगा। दूसरी रिकॉर्डिंग में वह एक महिला नेता के पुरुष रिश्तेदार से बातचीत कर रही है। इसमें रेशु दावा करती है कि उसके पास ऐसी सामग्री मौजूद है, जिसे सार्वजनिक करने पर पूरे परिवार की राजनीतिक प्रतिष्ठा और प्रभाव पर असर पड़ेगा। एक अन्य बातचीत में रेशु खुद को यूक्रेन से पढ़ाई कर लौटी डॉक्टर बताती है। साथ ही वह मकरोनिया क्षेत्र से पार्षद चुनाव लड़ने की बात भी करती सुनाई दे रही है। क्राइम ब्रांच की टीम रेशु और श्वेता जैन को भोपाल की न्यू मिनाल रेसिडेंसी भी लेकर गई। यहां श्वेता जैन के परिजनों और दोस्तों से पूछताछ की गई तथा उसके घर की तलाशी भी ली गई। जांच और पूछताछ में हुए खुलासे प्लांड तरीके से चलाया जा रहा था रैकेट जांच में सामने आया कि रैकेट प्लांड तरीके से चलाया जा रहा था। पुलिस के मुताबिक, भोपाल से श्वेता विजय जैन पूरा नेटवर्क चलाती थी। श्वेता सीधे सामने आने के बजाय रेशू चौधरी को निर्देश और ट्रेनिंग देती थी। रेशू चौधरी अपने संपर्कों की जानकारी देती थी, जिसके आधार पर आगे की रणनीति बनाई जाती थी। एमपी के विधायक, छत्तीसगढ़ के पुलिस अफसर गुजरात के बिजनेसमैन शिकार वीडियो को बड़े स्तर पर बेचने की तैयारी में थे पूछताछ में सामने आया कि आरोपी वीडियो को बड़े स्तर पर बेचने की तैयारी में थे। जांच एजेंसियों को राजनीतिक संपर्कों और संभावित आर्थिक सौदों के संकेत मिले हैं। जांच में ये भी संकेत मिले हैं कि एक विधायक से जुड़ा वीडियो राजनीतिक दबाव बनाने के उद्देश्य से साझा किया गया था। मारपीट और धमकी के बाद खुला मामला मामले का खुलासा तब हुआ, जब इंदौर के कारोबारी हितेंद्र उर्फ चिंटू ठाकुर ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। इसके मुताबिक, 28 अप्रैल 2026 को सुपर कॉरिडोर पर अलका दीक्षित और उसके साथियों ने चिंटू ठाकुर के साथ मारपीट की। इस दौरान आपत्तिजनक वीडियो होने की धमकी दी गई। घटना के बाद चिंटू ठाकुर और उसका भाई उज्जैन पहुंचे। एक प्रभावशाली व्यक्ति से संपर्क किया। सूत्रों के अनुसार, इसके बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई शुरू की। शिकायतकर्ता पर भी दर्ज हैं आपराधिक मामले पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, शिकायतकर्ता चिंटू ठाकुर पर भी हत्या के प्रयास समेत कई केस दर्ज हैं, जबकि उसका भाई हेमू ठाकुर पहले एनएसए के तहत आरोपी रह चुका है। पुलिसकर्मी और पत्रकार का नाम भी आया पुलिस कार्रवाई में कई पुरुष आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में जयदीप, लाखन चौधरी, पत्रकार जितेंद्र पुरोहित और हेड कॉन्स्टेबल विनोद शर्मा के नाम शामिल हैं। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि नेटवर्क को कथित रूप से प्रशासनिक संरक्षण मिला या नहीं। इंदौर पुलिस की कई टीमें जांच में जुटी हैं। आगे बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। यह खबर भी पढ़ें… जेल में श्वेता-अलका की दोस्ती, बाहर आकर बनाया हनीट्रैप गैंग इंदौर के हनी ट्रैप और ब्लैकमेलिंग कांड में पुलिस जांच में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। शराब कारोबारी हितेंद्र सिंह ठाकुर उर्फ चिंटू ठाकुर से एक करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने वाले गिरोह की मास्टरमाइंड भोपाल निवासी श्वेता विजय जैन बताई जा रही है। पुलिस जांच में सामने आया है कि श्वेता और शराब तस्करी से जुड़ी अलका दीक्षित की दोस्ती जिला जेल में हुई थी। वहीं हनीट्रैप नेटवर्क की योजना बनी। पढ़ें पूरी खबर
    Click here to Read more
    Prev Article
    DMK, Congress trade barbs over the latter’s post-poll alliance with the TVK
    Next Article
    Noida Extension Metro: नोएडा एक्सटेंशन पर भी चलेगी अब मेट्रो, सफर हो जाएगा और आसान

    Related भारत Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment