Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Road Accident Insurance: क्या सड़क हादसे के मुआवजे से कट सकती है मेडिक्लेम की रकम? कोर्ट ने साफ किया नियम, समझें गणित

    3 weeks ago

    1

    0

    Road Accident Insurance Claim News: लंबे समय से देश के अलग-अलग अदालतों में मोटर दुर्घटना मुआवजे को लेकर लंबी बहस का दौर चल रहा था. ऐसे में देश की सबसे बड़ी न्याय पालिका सुप्रीम कोर्ट ने मामले में बड़ा फैसला सुनाया है. सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि किसी भी सड़क हादसे मुआवजे में से मेडिक्ल की रकम नहीं काटी जाएगी. जस्टिस संजय करोल और जस्टिस विपुल एम पांचोली की बेंच ने ट्रिब्यूल आवार्डिड मुआवजे को कानूनी और मेडिक्लेम को एक समझौते के तौर पर बताया है. जो अब तक दिया जाता रहा है. साथ ही कोर्ट के फैसले से पहले इंशोरेंस कंपनी अक्सर मेडिक्लेम पॉलिसी के तहत मिली रकम में कटौती करती आई है. क्या है मामला ? बीमित व्यक्ति एक मोटर वाहन दुर्घटना में शामिल था, जिसको लेकर न्यायाधिकरण ने उसे मुआवज़ा दिया, जिसमें आय का नुकसान , भविष्य की संभावनाओं की हानि, विशेष आहार, परिवहन और चिकित्सा खर्च शामिल थे. बाद में उन्होंने इन्हीं खर्चों के लिए बीमा कंपनी से मेडिक्लेम पॉलिसी के तहत मुआवज़े की भी मांग की. बीमा पॉलिसी पसंद न आए तो वापस करें! जानिए क्या है 'फ्री लुक पीरियड' और इसके नियम इंशोरेंस कंपनी ने क्या कहा? कोर्ट के इस फैसले पर इंशोरेंस कंपनी ने अपनी अस्वीकृती जताई है और कहा कि बीमित को चिकित्सा खर्च के तहत एक बार और मुआवजा मिलना दोहरा लाभ देना है. इसके बाद अपने बचाव में दावेदार ने कहा, ये दोनों अधिकार अलग-अलग क्षेत्रों में काम करते हैं और संविदात्मक लाभ से मिलने वाले इनाम में शामिल करके मुआवजे के कानूनी अधिकार को कम नहीं किया जा सकता है. इस पर कोर्ट ने कहा, दोनों अलग अलग कानूनी तौर पर मिलने वाले लाभ है. ऐसे में इस को डबल बेनिफिट कहना एक दम गलत होगा. मोटर व्हीकल एक्ट के तहत, मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण इस चीज़ को स्पष्ट करता है कि सड़क दुर्घटना पीड़ितों या उनके परिवारों को चोटों, विकलांगता, मौत, चिकित्सा खर्च, आय का नुकसान और अन्य नुकसानों की भरपाई के लिए आर्थिक सहायता प्रदान होनी चाहिए. पर्सनल दुर्घटना बीमा है अतरिक्त लाभ गौरतलब है कि पर्सनल दुर्घटना बीमा अक्सर कार मालिक की ओर से एक और सुविधा के रूप में अलग से खरीदा जाता है, जिसका प्रीमियम आमतौर पर प्रति माह 350-500 रुपये तक होता है, जबकि कुछ बीमाकर्ता इसे कार बीमा पॉलिसी के हिस्से के रूप में प्रदान करते हैं. रेलवे का बड़ा फैसला, वेटिंग लिस्ट से मिलेगी राहत! गर्मियों की छुट्टियों में चलेंगी ये स्पेशल ट्रेनें कार मालिकों के लिए कवरेज जरूरी कार मालिकों के लिए पर्सनल दुर्घटना बीमा चालक और यात्रियों के लिए कवरेज जरूरी है. बीमा पॉलिसी के मुताबिक योजनाएं एक जैसी हो सकती हैं. ऐसे में दावेदारों के पक्ष में सुप्रीम कोर्ट ने कानूनी पुष्टि करते हुए हाई कोर्ट के पास वापस भेज दिया है.
    Click here to Read more
    Prev Article
    Metro में सफर करते हैं? जानिए क्या होता है वर्चुअल मेट्रो कार्ड, अब मोबाइल से करें एंट्री और एग्जिट
    Next Article
    कब्र साफ कर लाखों रुपए कमा रही 17 साल की ये लड़की, अनोखे बिजनेस के लिए छोड़ दी पढ़ाई

    Related Utility Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment